उत्तरकाशी जिले में 5 अगस्त को धराली-हर्षिल, यमुना घाटी स्यानाचट्टी और अन्य क्षेत्रों में आई प्राकृतिक आपदा से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए बुधवार को बहु-क्षेत्रीय आपदा पश्चात आवश्यकता आकलन (PDNA) टीम मुख्यालय पहुंची। टीम ने जिला कलेक्ट्रेट सभागार में प्रेजेंटेशन के माध्यम से आपदा की स्थिति और क्षति का विस्तृत अध्ययन किया।
केंद्र और राज्य सरकार के विशेषज्ञों से बनी यह टीम अब प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण करेगी। पीडीएनए टीम कृषि, सड़क, पुल, बिजली, आवास, शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका समेत विभिन्न क्षेत्रों में हुए नुकसान का वैज्ञानिक और व्यवस्थित आकलन करेगी। इसके आधार पर पुनर्निर्माण और पुनर्वास की रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
इस मौके पर जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने आपदा से संबंधित सभी जानकारी विस्तार से साझा की। टीम में सीबीआरआई, एनआईडीएम और यूएलएमएमसी के विशेषज्ञ वैज्ञानिक और अभियंता शामिल रहे।
