मुनस्यारी, उत्तराखंड में “नमन परियोजना” के अंतर्गत पुलिस कर्मियों के लिए मानसिक स्वास्थ्य और अधिनियमों पर विशेष व्याख्यान आयोजित किया गया। इस सत्र का विषय था – “मानसिक स्वास्थ्य देखभाल अधिनियम 2017 एवं दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 के अंतर्गत पुलिस की भूमिका एवं जिम्मेदारियाँ तथा कार्यस्थल पर तनाव प्रबंधन”।
कार्यक्रम में एम्स ऋषिकेश के साइकेट्रिक सोशल वर्कर श्री चेतन शर्मा ने बताया कि पुलिस की भूमिका मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे व्यक्तियों के प्रति संवेदनशील व्यवहार और उनके अधिकारों की रक्षा करने में महत्वपूर्ण है। उन्होंने तनाव कम करने के उपाय जैसे नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद, संतुलित आहार और सकारात्मक संवाद पर ज़ोर दिया।
इस अवसर पर सीएचसी मुनस्यारी की सोशल वर्कर सुश्री पूजा भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम का उद्देश्य पुलिस बल को विधिक जानकारी और तनाव प्रबंधन की तकनीकों से सशक्त बनाना रहा।
